Delhi पुलिस के शिकंजे में रोहित गोदारा–गोल्डी बराड़ गैंग का ₹1 लाख का इनामी बदमाश

Delhi पुलिस की क्राइम ब्रांच ने संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए रोहित गोदारा और गोल्डी बराड़ गिरोह से जुड़े कुख्यात अपराधी विकास उर्फ विक्की को धर दबोचा है। आरोपी पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था और वह लंबे समय से पुलिस की वांटेड सूची में शामिल था। क्राइम ब्रांच ने उसे उत्तर प्रदेश के लोनी क्षेत्र से गिरफ्तार किया।
चार राज्यों में फैला था अपराध का नेटवर्क
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, विकास दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान और महाराष्ट्र में करीब 18 गंभीर मामलों में संलिप्त रहा है। इन मामलों में हत्या की साजिश, गैंगवार, अवैध हथियारों की व्यवस्था और जबरन वसूली जैसे संगीन अपराध शामिल हैं।
गुरुग्राम कोर्ट शूटआउट में अहम भूमिका
जांच में सामने आया है कि 2023 में गुरुग्राम कोर्ट परिसर के भीतर हुई सनसनीखेज गैंगवार में विकास की भूमिका बेहद अहम थी। उसने रोहित गोदारा गिरोह के करीब 10 शूटरों को पनाह, वाहन और अन्य लॉजिस्टिक सहायता उपलब्ध कराई थी। इस घटना के बाद से ही वह लगातार फरार चल रहा था।
लॉरेंस बिश्नोई गैंग से शुरू हुआ सफर
क्राइम ब्रांच के मुताबिक, विकास का आपराधिक सफर पहले लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ाव के साथ शुरू हुआ। जेल में रहते हुए उसने अपने संपर्क मजबूत किए और बाद में गोल्डी बराड़–रोहित गोदारा गैंग का हिस्सा बन गया। जेल से बाहर आने के बाद उसने वसूली और लूट के जरिए गिरोह के लिए फंडिंग का जिम्मा संभाल लिया।
चाणक्यपुरी केस से जुड़ी गिरफ्तारी की कड़ी
यह गिरफ्तारी 23 जून 2025 को चाणक्यपुरी थाना क्षेत्र में हुई पुलिस कार्रवाई से जुड़ी है। उस दौरान गश्त कर रही टीम ने एक कार से अवैध पिस्टल बरामद की थी। इस केस में दो आरोपी पहले ही पकड़े जा चुके थे, जबकि विकास मौके से भाग निकला था। बाद में उसे घोषित अपराधी करार देते हुए BNSS की धारा 84 के तहत कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।
पूछताछ में हो सकते हैं बड़े खुलासे
फिलहाल विकास से गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि उससे गैंग के अन्य सक्रिय सदस्यों,हथियारों की सप्लाई नेटवर्क,फंडिंग और एक्सटॉर्शन मॉड्यूल को लेकर कई अहम जानकारियाँ सामने आ सकती हैं। अधिकारियों का मानना है कि यह गिरफ्तारी दिल्ली-एनसीआर और आसपास के राज्यों में सक्रिय गैंगस्टर नेटवर्क पर बड़ा प्रहार साबित होगी।






