अम्बाला छावनी बना प्रदेश का पहला 100% इलेक्ट्रिक AC लोकल बस सेवा वाला शहर

चंडीगढ़/अम्बाला, 23 मई: हरियाणा सरकार सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और पर्यावरण के अनुकूल बनाने की दिशा में तेजी से कदम बढ़ा रही है। इसी कड़ी में परिवहन मंत्री Anil Vij ने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि पिपली, सोनीपत और गुरुग्राम में अत्याधुनिक बस अड्डों का निर्माण पीपीपी मॉडल पर किया जाएगा। इन बस अड्डों को स्मार्ट सुविधाओं और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर से लैस किया जाएगा ताकि यात्रियों को बेहतर यात्रा अनुभव मिल सके।
गुरुग्राम में बनने वाला नया बस अड्डा मेट्रो स्टेशन के करीब तैयार किया जाएगा। इससे यात्रियों को मेट्रो से उतरते ही इलेक्ट्रिक और वातानुकूलित बस सेवा आसानी से उपलब्ध हो सकेगी। सरकार ने यह भी संकेत दिए हैं कि राज्य के अधूरे पड़े बस अड्डों के निर्माण कार्य को भी जल्द पूरा किया जाएगा।
अम्बाला छावनी बना इलेक्ट्रिक लोकल बस सेवा का मॉडल
हरियाणा में अम्बाला छावनी अब पहला ऐसा शहर बन गया है जहां लोकल रूट पर चलने वाली सभी बसें पूरी तरह इलेक्ट्रिक और वातानुकूलित हैं। परिवहन मंत्री ने पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस के निकट आयोजित कार्यक्रम में 10 नई इलेक्ट्रिक AC बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इन नई बसों के शामिल होने के बाद शहर में कुल 25 इलेक्ट्रिक बसें संचालित हो रही हैं। सरकार का मानना है कि इससे प्रदूषण कम होगा और यात्रियों को आरामदायक सफर मिलेगा।
20 साल बाद शुरू हुई थी लोकल बस सेवा
परिवहन मंत्री ने बताया कि अम्बाला में लोकल बस सेवा लगभग 20 वर्षों तक बंद रही थी। नवंबर 2024 में इस सेवा को दोबारा शुरू किया गया और अब लगातार इसका विस्तार किया जा रहा है। वर्तमान में शहर के 17 रूटों पर लोकल बस सेवा संचालित हो रही है।
22 लाख यात्रियों ने उठाया लाभ, 4 करोड़ की कमाई
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, लोकल बस सेवा शुरू होने के बाद अब तक करीब 22 लाख यात्री इसका लाभ ले चुके हैं। वहीं परिवहन विभाग को लगभग 4 करोड़ रुपये का राजस्व भी प्राप्त हुआ है। सरकार इसे इलेक्ट्रिक पब्लिक ट्रांसपोर्ट की सफलता के रूप में देख रही है।
मंत्री ने टिकट लेकर किया सफर
कार्यक्रम के बाद परिवहन मंत्री Anil Vij ने स्वयं टिकट खरीदकर नई इलेक्ट्रिक बस में यात्रा की। इस दौरान कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों ने सरकार की इस पहल का स्वागत किया।
जल्द शुरू होगी बसों की लाइव ट्रैकिंग सुविधा
हरियाणा परिवहन विभाग अब बसों के लिए स्मार्ट ट्रैकिंग सिस्टम लागू करने की तैयारी में है। इसके जरिए यात्री मोबाइल ऐप पर बस की लाइव लोकेशन और आने का समय देख सकेंगे। सिस्टम में यह सुविधा भी होगी कि यदि कोई चालक निर्धारित रूट से हटकर बस चलाता है या बस स्टैंड में प्रवेश किए बिना अन्य रास्ते का इस्तेमाल करता है तो विभाग को तुरंत अलर्ट मिल जाएगा। सरकार का दावा है कि यह देश में अपनी तरह का अनोखा मॉडल साबित हो सकता है।
बस अड्डों पर मिलेगा पौष्टिक भोजन और बेहतर सफाई
सरकार बस अड्डों पर यात्रियों के लिए पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने की दिशा में भी काम कर रही है। रेलवे के आईआरसीटीसी मॉडल की तर्ज पर परिवहन विभाग के अंतर्गत अलग कॉरपोरेशन बनाने की योजना है। इसके साथ ही बस अड्डों को अतिक्रमण मुक्त बनाने, सफाई व्यवस्था मजबूत करने और शौचालयों को आधुनिक बनाने की दिशा में भी काम किया जा रहा है।






