हरियाणा विधानसभा का घेराव: हुड्डा के नेतृत्व में हाथ में तख्तियां, झुनझुना और सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप

चंडीगढ़: हरियाणा विधानसभा के बाहर मंगलवार को सियासी हलचल तेज रही, जब कांग्रेस विधायकों ने सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन करते हुए विधानसभा का घेराव किया। नेता प्रतिपक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के नेतृत्व में निकाले गए इस रोष मार्च में पार्टी के कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। प्रदर्शन की शुरुआत हाईकोर्ट चौक से हुई, जो विधानसभा परिसर तक पहुंचा। इस दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह भी मौजूद रहे।
हाथ में तख्तियां, झुनझुना और नारे
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस विधायकों ने एक हाथ में विभिन्न जनसमस्याओं से जुड़ी तख्तियां थाम रखी थीं, जबकि दूसरे हाथ में झुनझुना लेकर नारेबाजी की। पार्टी का कहना था कि यह प्रतीकात्मक प्रदर्शन सरकार की कथित वादाखिलाफी और खोखले दावों को उजागर करने के लिए किया गया। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि राज्य की जनता महंगाई, बेरोजगारी और अन्य बुनियादी समस्याओं से जूझ रही है, लेकिन सरकार वास्तविक मुद्दों पर ठोस कदम उठाने में विफल रही है।
हुड्डा का बयान: “सड़क से सदन तक उठेगी आवाज”
भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि कांग्रेस एक जिम्मेदार विपक्ष के रूप में जनता की आवाज बुलंद करती रहेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को अंततः जवाबदेह बनना पड़ेगा और जनता के सवालों का सामना करना ही होगा।
सरकार पर सीधा हमला
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस विधायकों ने आरोप लगाया कि सरकार केवल घोषणाओं तक सीमित है और जमीनी स्तर पर हालात सुधारने में नाकाम रही है। पार्टी ने तत्काल कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि जनता की समस्याओं को नजरअंदाज करना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।






