पत्रकारों के लिए बड़ी खुशखबरी! अब 33 लाख तक का फ्री हेल्थ कवर, MWB ने बदले बीमा योजनाओं के नियम
मीडिया वेल बीइंग एसोसिएशन का बड़ा फैसला, 10 लाख की दुर्घटना और टर्म इंश्योरेंस के साथ मिलेगी 33 लाख तक की कैशलेस स्वास्थ्य सुरक्षा

चंडीगढ़। पत्रकारों की सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में मीडिया वेल बीइंग एसोसिएशन (MWB) ने कई अहम फैसले लिए हैं। संगठन ने अपनी निःशुल्क बीमा योजनाओं को अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने के लिए नई पात्रता शर्तें और उपस्थिति नियम लागू करने की घोषणा की है। इन बदलावों के तहत पात्र पत्रकारों को 10 लाख रुपये की दुर्घटना बीमा, 10 लाख रुपये की टर्म इंश्योरेंस और 33 लाख रुपये तक की कैशलेस हेल्थ मेडिकल इंश्योरेंस सुविधा का लाभ मिल सकेगा।
सदस्यता और बीमा पूरी तरह निःशुल्क
संगठन के उत्तर भारत उपाध्यक्ष पवन चोपड़ा ने बताया कि संस्था अपनी स्थापना के समय से ही पत्रकारों से किसी प्रकार का सदस्यता शुल्क, पंजीकरण शुल्क या बीमा शुल्क नहीं लेती है। संगठन की सभी कल्याणकारी योजनाएं पात्र पत्रकारों को पूर्णतः निःशुल्क उपलब्ध कराई जाती हैं। उन्होंने कहा कि बीमा और सदस्यता लाभ प्राप्त करने के लिए आवेदन के साथ अधिकृत अथॉरिटी लेटर अथवा वैध प्रेस कार्ड, आधार कार्ड और पैन कार्ड की प्रतियां जमा करना अनिवार्य होगा।
आवेदन प्रक्रिया में बढ़ाई गई पारदर्शिता
संगठन ने आवेदन प्रक्रिया को अधिक जवाबदेह बनाने के लिए नई व्यवस्था लागू की है। अब किसी भी पत्रकार का आवेदन संबंधित जिलाध्यक्ष की अनुशंसा के बिना स्वीकार नहीं किया जाएगा। जिन जिलों में जिलाध्यक्ष नियुक्त नहीं हैं, वहां तीन सदस्यीय अनुमोदन समिति की स्वीकृति जरूरी होगी। समिति में संगठन मंत्री मेवा सिंह राणा, महासचिव विनोद लाहोट और सह सचिव के.सी. आर्य शामिल हैं। आवेदन पत्र पर इन तीनों में से किसी एक पदाधिकारी के हस्ताक्षर अनिवार्य होंगे।
उपस्थिति के आधार पर मिलेगा बीमा लाभ
MWB ने बीमा योजनाओं को संगठनात्मक सक्रियता से जोड़ते हुए नई पात्रता शर्तें तय की हैं।
1 साल बाद मिलेगा 10 लाख का दुर्घटना बीमा
जो पत्रकार संगठन के प्रांत स्तरीय कार्यक्रमों में कम से कम 50 प्रतिशत उपस्थिति दर्ज कराएंगे और संगठन में एक वर्ष पूरा करेंगे, उन्हें 10 लाख रुपये की निःशुल्क एक्सीडेंटल इंश्योरेंस पॉलिसी प्रदान की जाएगी।
3 साल बाद मिलेगा 10 लाख का टर्म इंश्योरेंस
संगठन से तीन वर्ष तक जुड़े रहने और निर्धारित उपस्थिति मानदंड पूरा करने वाले पत्रकारों को 10 लाख रुपये की टर्म इंश्योरेंस पॉलिसी उपलब्ध कराई जाएगी।
5 साल बाद मिलेगा 33 लाख तक का हेल्थ कवर
पांच वर्ष तक सक्रिय सदस्य बने रहने और कार्यक्रमों में नियमित भागीदारी सुनिश्चित करने वाले पत्रकारों को 33 लाख रुपये तक की कैशलेस हेल्थ मेडिकल इंश्योरेंस सुविधा देने का निर्णय लिया गया है।
पुराने लाभार्थियों पर भी लागू होंगे नियम
संगठन ने स्पष्ट किया है कि जिन पत्रकारों को पहले से बीमा योजनाओं का लाभ मिल रहा है, उन्हें भी संगठनात्मक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी बनाए रखनी होगी।
यदि कोई सदस्य अपने राज्य या अन्य राज्यों में आयोजित कार्यक्रमों में आवश्यक 50 प्रतिशत उपस्थिति दर्ज नहीं कराता है, तो उसकी बीमा पॉलिसी के अगले नवीनीकरण पर पुनर्विचार किया जा सकता है।
बीमा पात्रता की निगरानी करेगी विशेष समिति
बीमा योजनाओं से जुड़े मामलों की समीक्षा और अंतिम अनुशंसा के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन किया गया है। समिति की अध्यक्षता महासचिव डॉ. सुरेंद्र मेहता करेंगे, जबकि उपाध्यक्ष भुवनेश झंडई और कोषाध्यक्ष तरुण कपूर सदस्य के रूप में कार्य करेंगे।
यह समिति पात्रता, उपस्थिति रिकॉर्ड और पॉलिसी नवीनीकरण से जुड़े मामलों पर अंतिम निर्णय के लिए अपनी अनुशंसा देगी।
संगठन ने बताया फैसले का उद्देश्य
पवन चोपड़ा ने कहा कि संस्था का लक्ष्य केवल बीमा सुविधाएं उपलब्ध कराना नहीं है, बल्कि पत्रकारों के बीच एकजुटता और सक्रिय भागीदारी को भी मजबूत करना है। इसी उद्देश्य से उपस्थिति को बीमा योजनाओं के साथ जोड़ा गया है, ताकि संगठन और सदस्यों के बीच बेहतर समन्वय बना रहे।






