Video : जयपुर में प्रदर्शन के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीप्के पर हमला, युवक ने जड़ा थप्पड़

जयपुर। राजस्थान की राजधानी जयपुर में सोमवार को एक विरोध प्रदर्शन के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजीत दीप्के के साथ मारपीट की घटना सामने आई। शहीद स्मारक परिसर में आयोजित प्रदर्शन के दौरान कुछ युवकों ने अचानक अभिजीत दीप्के के पास पहुंचकर उन पर हमला कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावरों ने सार्वजनिक रूप से उन्हें थप्पड़ मारे, जिससे मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
घटना उस समय हुई जब अभिजीत दीप्के प्रदर्शन स्थल पर पहुंचे थे और कार्यकर्ताओं से बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान कुछ युवक उनके करीब आए और कथित रूप से हमला कर दिया। घटना के बाद हमलावर वहां से निकलने की कोशिश करने लगे, लेकिन मौजूद कार्यकर्ताओं ने उन्हें पकड़ लिया। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच तनाव बढ़ गया और हंगामे जैसी स्थिति बन गई।
मौके पर तैनात पुलिस बल ने तत्काल हस्तक्षेप करते हुए स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने मामले में तीन से चार युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। अधिकारियों ने फिलहाल आरोपियों की पहचान सार्वजनिक नहीं की है और घटना के कारणों की जांच की जा रही है।
घटना के बाद कार्यकर्ताओं में नाराजगी देखी गई। हालांकि अभिजीत दीप्के ने अपने समर्थकों से संयम बनाए रखने और कानून व्यवस्था का सम्मान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की हिंसा लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है और विरोध का जवाब शांतिपूर्ण तरीके से दिया जाना चाहिए।
देश के कई शहरों में सक्रिय है आंदोलन
कॉकरोच जनता पार्टी के बैनर तले पिछले कुछ समय से देश के विभिन्न शहरों में प्रदर्शन आयोजित किए जा रहे हैं। अभिजीत दीप्के दिल्ली, लखनऊ सहित कई प्रमुख शहरों में आयोजित कार्यक्रमों में भाग ले चुके हैं। आंदोलन के माध्यम से शिक्षा व्यवस्था, प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक, युवाओं में बढ़ती बेरोजगारी और प्रशासनिक जवाबदेही जैसे मुद्दों को उठाया जा रहा है।
क्या है कॉकरोच जनता पार्टी?
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) कोई पंजीकृत राजनीतिक दल नहीं है। इसे युवाओं द्वारा शुरू किए गए एक व्यंग्यात्मक सामाजिक अभियान के रूप में देखा जाता है। इस पहल की शुरुआत वर्ष 2026 में हुई थी। सोशल मीडिया के जरिए लोकप्रिय हुए इस अभियान का उद्देश्य बेरोजगारी, भर्ती परीक्षाओं में अनियमितताओं और युवाओं से जुड़े मुद्दों को सार्वजनिक बहस का हिस्सा बनाना बताया जाता है। इसके संस्थापक अभिजीत दीप्के हैं।






