धनतेरस पर CM सैनी का लाडवा को तोहफा, 63 गांवों के लिए ₹13.23 करोड़ की सौगात

लाडवा/चंडीगढ़, 6 नवंबर। धनतेरस के अवसर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने लाडवा विधानसभा क्षेत्र के 63 गांवों को विकास कार्यों के लिए 13.23 करोड़ रुपये की सौगात दी। इसके साथ ही क्षेत्र की तीन गौशालाओं को कुल 34.53 लाख रुपये की आर्थिक सहायता के चेक वितरित किए गए। मुख्यमंत्री शुक्रवार को लाडवा में आयोजित दीपावली मिलन समारोह में क्षेत्रवासियों को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उनकी धर्मपत्नी सुमन सैनी भी मौजूद रहीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि लाडवा उनके लिए केवल एक विधानसभा क्षेत्र नहीं, बल्कि उनका अपना घर और परिवार है। यहां के लोगों ने उन्हें जो जिम्मेदारी सौंपी है, उसे वह अपना सौभाग्य मानते हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोगों का आशीर्वाद उनकी ताकत है और लाडवा का विकास उनकी जिम्मेदारी है। उनका संकल्प है कि क्षेत्र के विकास की रफ्तार रुकने नहीं देंगे।
तीन गौशालाओं को मिले 34.53 लाख रुपये के चेक
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने तीन गौशालाओं को आर्थिक सहायता के चेक वितरित किए। इनमें श्री कृष्ण गौशाला समिति लाडवा को लगभग 7.34 लाख रुपये, अखंड गौशाला मथाना को लगभग 7.63 लाख रुपये और मथाना गोवंश धाम एवं अनुसंधान संस्थान को लगभग 19.56 लाख रुपये दिए गए।
इन तीनों गौशालाओं को कुल लगभग 34.53 लाख रुपये की सहायता प्रदान की गई।
धनतेरस पर प्रदेश में 4,470.77 करोड़ रुपये ट्रांसफर
मुख्यमंत्री ने बताया कि धनतेरस के अवसर पर प्रदेश की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत लाभार्थियों के साथ-साथ पंचायती राज संस्थाओं और नगरपालिकाओं के बैंक खातों में कुल 4,470 करोड़ 77 लाख रुपये की राशि सीधे हस्तांतरित की गई है।
उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पारदर्शी तरीके से पहुंचे और विकास कार्यों को गति मिले।
त्योहार समाज में खुशियां बांटने का संदेश देते हैं
मुख्यमंत्री ने कहा कि धनतेरस आरोग्य और धन-धान्य का प्रतीक है, जबकि दीपावली अंधकार पर प्रकाश और निराशा पर आशा की विजय का पर्व है। गोवर्धन पूजा प्रकृति, पशुधन और अन्नदाता के प्रति कृतज्ञता का संदेश देती है तथा भाई दूज रिश्तों में प्रेम और मिठास बढ़ाने का अवसर है।
उन्होंने कहा कि त्योहारों की असली खुशी तभी है, जब समाज के हर वर्ग के चेहरे पर मुस्कान हो और हर परिवार में खुशहाली आए। लोगों को त्योहारों के दौरान उन परिवारों का भी ध्यान रखना चाहिए, जो किसी परेशानी से गुजर रहे हैं।
भगवान श्रीराम के जीवन का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उनका आदर्श सिखाता है कि नेतृत्व अधिकार नहीं, बल्कि कर्तव्य, त्याग और जनसेवा का नाम है। उन्होंने लोगों से मर्यादा, करुणा और सद्भाव के मूल्यों को अपने जीवन में अपनाने की अपील की।
हरियाणा की हीरक जयंती विकास के संकल्प वर्ष के रूप में मनेगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा ने 1 नवंबर को अपने गौरवशाली 60 वर्ष पूरे किए हैं। राज्य सरकार हीरक जयंती को केवल उत्सव तक सीमित नहीं रखेगी, बल्कि इसे विकास के संकल्प वर्ष के रूप में मनाएगी।
उन्होंने कहा कि जिस तरह दीपावली पर लोग अपने घरों को सजाते और संवारते हैं, उसी तरह सभी को मिलकर लाडवा को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का संकल्प लेना चाहिए। सरकार का लक्ष्य हर हाथ को अवसर, हर व्यक्ति को सम्मान और प्रत्येक नागरिक को राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य में भागीदारी देना है।
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को धनतेरस, दीपावली, गोवर्धन पूजा, भाई दूज और छठ पर्व की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने सभी के सुख, समृद्धि और अच्छे स्वास्थ्य की कामना की।







