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भारत ने रचा इतिहास! PM मोदी ने जींद से रवाना की देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन, दुनिया के चुनिंदा देशों में हुआ शामिल

Hydrogen Train India : भारत ने स्वच्छ और हरित परिवहन की दिशा में एक नया इतिहास रच दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को हरियाणा के जींद रेलवे स्टेशन से देश की पहली हाइड्रोजन फ्यूल सेल ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस उपलब्धि के साथ भारत उन चुनिंदा देशों की सूची में शामिल हो गया है, जहां हाइड्रोजन तकनीक पर आधारित यात्री ट्रेनें संचालित हो रही हैं।

जींद से सोनीपत के बीच शुरू हुई यह ट्रेन आधुनिक तकनीक, पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में भारतीय रेलवे की बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।

14 स्टेशनों को जोड़ेगी नई हाइड्रोजन ट्रेन

नई हाइड्रोजन ट्रेन 10 कोच के साथ जींद और सोनीपत के बीच नियमित रूप से चलेगी। लगभग 89 किलोमीटर लंबे इस रूट पर यह ट्रेन 14 रेलवे स्टेशनों को जोड़ते हुए करीब 2 घंटे में सफर पूरा करेगी। इसकी अधिकतम गति 75 किलोमीटर प्रति घंटा निर्धारित की गई है, जबकि यात्रियों के लिए किराया 5 रुपये से 25 रुपये तक रखा गया है, जिससे आम लोगों को आधुनिक तकनीक का लाभ किफायती दरों पर मिल सकेगा।

दुनिया के चुनिंदा देशों में शामिल हुआ भारत

हाइड्रोजन ऊर्जा आधारित ट्रेन संचालन शुरू करने के बाद भारत अब उन देशों की श्रेणी में शामिल हो गया है, जिन्होंने रेल परिवहन में स्वच्छ ऊर्जा को अपनाया है। इससे पहले जर्मनी, फ्रांस, स्वीडन और चीन इस तकनीक का उपयोग कर रहे थे। भारत का यह कदम हरित परिवहन और कार्बन उत्सर्जन कम करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

कैसे चलती है हाइड्रोजन ट्रेन?

देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन के संचालन की जिम्मेदारी जींद मुख्यालय के लोको पायलट राजेश कुमार को सौंपी गई है। उन्होंने बताया कि इस ट्रेन में हाइड्रोजन फ्यूल सेल तकनीक का इस्तेमाल किया गया है।

फ्यूल सेल के भीतर नियंत्रित दबाव पर हाइड्रोजन गैस और ऑक्सीजन के बीच रासायनिक प्रक्रिया होती है। इस प्रक्रिया से बिजली उत्पन्न होती है, जो ट्रेन को चलाती है। इसके साथ केवल जलवाष्प और पानी निकलते हैं, जिससे किसी प्रकार का धुआं या प्रदूषण नहीं होता। यही कारण है कि इसे जीरो-एमिशन (Zero Emission) तकनीक वाली ट्रेन माना जाता है।

पारंपरिक ट्रेनों से ज्यादा आधुनिक

लोको पायलट के अनुसार, हाइड्रोजन ट्रेन पारंपरिक डीजल ट्रेनों की तुलना में अधिक शक्तिशाली और अत्याधुनिक है। इसमें शोर बेहद कम होता है, गति पकड़ने की क्षमता बेहतर है और संचालन भी अधिक सुगम रहता है। यात्रियों की सुविधा के लिए ट्रेन में आधुनिक संचार व्यवस्था उपलब्ध कराई गई है। आवश्यकता पड़ने पर ट्रेन मैनेजर पब्लिक एड्रेस सिस्टम के जरिए यात्रियों तक आवश्यक जानकारी पहुंचाते हैं।

PM मोदी देंगे विकास परियोजनाओं की सौगात

हाइड्रोजन ट्रेन के शुभारंभ के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जींद में आयोजित जनसभा को भी संबोधित करेंगे। इस दौरान वे हरियाणा के लिए सड़क, रेल, स्वास्थ्य और शिक्षा से जुड़ी कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। इनमें एलिवेटेड रेलवे ट्रैक और दो नए मेडिकल कॉलेज समेत कुल नौ बड़ी विकास परियोजनाएं शामिल हैं

Author

  • अमर सिंह | 19 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव | Total TV एवं MH One News के पूर्व वीडियो जर्नलिस्ट | Hindxpress Media House के संस्थापक | Rashtr Khabar डिजिटल न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म के संस्थापक एवं एडिटर-इन-चीफ

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