“संस्कारी से भ्रष्टाचारी तक!” AAP छोड़ते ही बदले सुर, राघव चड्ढा का बड़ा हमला

राजधानी में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात के बाद सियासी माहौल गर्म हो गया है। राज्यसभा सांसद और भाजपा नेता राघव चड्ढा ने आम आदमी पार्टी (AAP) पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पार्टी छोड़ने के बाद उन्हें और उनके साथियों को निशाना बनाया जा रहा है।
राघव चड्ढा ने तंज कसते हुए कहा कि जब तक वे पार्टी के साथ थे, तब तक उन्हें “संस्कारी” बताया जाता था, लेकिन अलग होते ही “भ्रष्टाचारी” करार दे दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि AAP अपने विरोधियों की छवि खराब करने के लिए योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई कर रही है।
“फर्जी मामलों से दबाव बनाने की कोशिश”
भाजपा नेता ने दावा किया कि AAP उनके खिलाफ भी कार्रवाई की तैयारी कर रही है। उन्होंने कहा कि पार्टी के सांसदों पर झूठे केस दर्ज कर उन्हें डराने की कोशिश की जा रही है। उनके मुताबिक, यह पूरी रणनीति राजनीतिक प्रतिशोध का हिस्सा है, जिसके जरिए विरोधी आवाजों को दबाने का प्रयास किया जा रहा है।
राष्ट्रपति से शिकायत, सुरक्षा का भरोसा
राष्ट्रपति से मुलाकात के दौरान राघव चड्ढा ने पंजाब में प्रशासनिक संसाधनों के कथित दुरुपयोग का मुद्दा उठाया। उनका कहना है कि राष्ट्रपति ने उन्हें आश्वासन दिया कि संविधान और जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने पंजाब सरकार के अधिकारियों को भी सतर्क रहने की सलाह देते हुए संकेत दिया कि मौजूदा सरकार ज्यादा समय तक नहीं चल पाएगी।
संदीप पाठक का भी पलटवार
इस मामले में राज्यसभा सांसद संदीप पाठक ने भी AAP पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि पार्टी छोड़ने का फैसला उन्होंने अपने संवैधानिक अधिकार के तहत लिया है। पाठक के अनुसार, उनके खिलाफ दर्ज किए गए मामले बेबुनियाद हैं और उनका उद्देश्य केवल दबाव बनाना है। उन्होंने साफ किया कि वे इस मुद्दे पर कानूनी लड़ाई लड़ेंगे और पीछे नहीं हटेंगे।






